Hot Posts

6/recent/ticker-posts

सीतापुर: धन के दास नहीं, धन के मालिक बनो

 धन के दास नहीं, धन के मालिक बनो 



भावलिंगी संत श्रमणाचार्य श्री विमर्शसागर जी मुनिराज



महमूदाबाद, सीतापुर

 किसी ने पूछा जीवन में कृपणता या दरिद्रता क्यों प्राप्त होती है? महमूदाबाद मैंने कहा मे जीवन में कृपणता या दरिद्रता का कारण साधनो का सदुपयोग न करके दुरुपयोग करना है। जो व्यक्ति सच्चे देव शास्त्र और शुरु रुपी संपत्ति को नष्ट होते देखकर प्रसन्न होता है वह आगामी भवों में दरिद्र होता है, यदि किसी पुण्योदय से संपत्ति भी प्राप्त हो जाए तो भी वह कृपणता अर्थात कंजूसी पूर्वक जीवन जीता है। दरिद्री और कृपण में इतना ही अंतर है कि दरिद्री के पास धन होता नहीं है जिसे वह भोग सकें और कृपण के पास धन होता है तो वह उससे भोगा नहीं जाता क्योंकि वह धन को सुरक्षित रखा देखना चाहता है।


● प्राणों की रक्षा के लिए धन का अर्जन किया जाता है किन्तु कंजूस मनुष्य धन की रक्षा के लिए प्राणों को भी गवाँ देता है !


• धन के मालिक बनोगे तो जीवन में उदारता आएगी और यदि धन के दास बनोगे तो जीवन उदासता में बीत जाएगा । दानी उदार होता है, कृपण उदास होता है।


धन वृक्ष के पत्तों की तरह होता है और धर्म वृक्ष की मूल (जड़) की तरह। वृक्ष के फूल-पत्ते, फल आदि वृक्ष की मूल पर ही टिके होते हैं, मूल एक होती है. उसके फूल-पत्ले अनेक होते हैं वैसे ही धर्म एक होता है उसके फल हमें


अनेक रूप में प्राप्त होते हैं। जो धर्म को अपना वैभव मानता है उसके यहाँ कभी वैभव की कमी नहीं आती।

 धन पुण्य से आता है धन की पूजा करने से नहीं!


रिपोर्ट नीरज जैन 

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

सीतापुर:50 ग्राम स्मैक के साथ एक अभियुक्त गिरफ्तार
सीतापुर: समान लेने गए युवक को मुकेश यज्ञसैनी के द्वारा दबंगों ने की पिटाई
सीतापुर: जनपद सीतापुर के तहसील महमूदाबाद के नगर पंचायत पैंतेपुर में सेल्स मैन के साथ हुई घटना के खुलासे में लूट का कैश वा समान बरामद
सीतापुर: महमूदाबाद क्षेत्र में देखा गया तेंदुआ, ग्रामीणों में काफी भय।।
सीतापुर: लड़का लड़की की हत्या सरेआम मुस्तफाबाद में मचा कोहराम
सीतापुर: ट्रक ने महिला को कुचला मौके पर हुई मौत
देवरिया :महिला ने भागलपुर पुल से नदी में लगाई छलांग, फोन कर अपने पति को फोन कर बताया।
सीतापुर: महिला की निर्मम हत्या
सीतापुर: कलयुगी मां ने बदल डाला इतिहास कई के ऊपर मुकदमे पुलिस से है लंबी सांठगांठ
सीतापुर: आचार्य विमर्श सागर जी महामुनिराज सासंघ का महमूदाबाद में हुवा भव्य मंगल प्रवेश